सुकमा। छत्तीसगढ़ में निर्वाचक नामावलियों का विशेष गहन पुनरीक्षण SIR एसआईआर शुरू किया गया है। इस अभियान के तहत राज्यभर में मतदाता सूची की शुद्वता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने का कार्य शुरू हो गया है। एसआईआर भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार किया जा रहा है। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी देवेश कुमार ध्रुव की अध्यक्षता में बुधवार को स्थानीय पत्रकारों के साथ एक प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन जिला कार्यालय के सभाकक्ष में किया गया।
कलेक्टर देवेश कुमार ध्रुव ने कहा कि, भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप मतदाता सूची का अद्यतन लोकतांत्रिक प्रक्रिया की पारदर्शिता और सटीकता का आधार है। प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम निर्वाचक नामावली में जुड़ना सुनिश्चित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि, इस प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की त्रुटि, दोहराव या चूक न हो, इसके लिए निर्वाचन दलों को स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए गए हैं।
पात्र नागरिकों का नाम मतदाता सूची में जोड़ा जा सके
कलेक्टर ने कहा कि, निर्वाचन आयोग की यह पहल पारदर्शी, अद्यतन और त्रुटिरहित मतदाता सूची तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे आने वाले चुनावों में मतदान प्रक्रिया और अधिक विश्वसनीय, व्यवस्थित और सटीक होगी। कलेक्टर श्री ध्रुव ने पत्रकारों को मतदाता सूची पुनरीक्षण की सम्पूर्ण समय-सारिणी, आवेदन प्रक्रिया और आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि जिले के सभी मीडिया प्रतिनिधि इस जन-जागरूकता अभियान में प्रशासन के सहयोगी बनें, ताकि अधिक से अधिक पात्र नागरिकों का नाम मतदाता सूची में जोड़ा जा सके।
कलेक्टर ने कहा कि, निर्वाचन आयोग की यह पहल पारदर्शी, अद्यतन और त्रुटिरहित मतदाता सूची तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे आने वाले चुनावों में मतदान प्रक्रिया और अधिक विश्वसनीय, व्यवस्थित और सटीक होगी। कलेक्टर श्री ध्रुव ने पत्रकारों को मतदाता सूची पुनरीक्षण की सम्पूर्ण समय-सारिणी, आवेदन प्रक्रिया और आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि जिले के सभी मीडिया प्रतिनिधि इस जन-जागरूकता अभियान में प्रशासन के सहयोगी बनें, ताकि अधिक से अधिक पात्र नागरिकों का नाम मतदाता सूची में जोड़ा जा सके।
विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया के लिए आयोग द्वारा निर्धारित कार्यक्रम
- 28 अक्टूबर से 03 नवंबर 2025 – तैयारी, प्रशिक्षण एवं मुद्रण का कार्य
- 04 नवंबर से 04 दिसंबर 2025 – गणना (एन्यूमरेशन) अवधि
- 04 दिसंबर 2025 – मतदान केन्द्रों का युक्तियुक्तकरण एवं पुव्यवस्थापन
- 05 से 08 दिसंबर 2025 – नियंत्रण तालिका का अद्यतन एवं प्रारूप निर्वाचक नामावली की तैयारी
- 09 दिसंबर 2025 – प्रारूप निर्वाचक नामावली का प्रकाशन
- 09 दिसंबर 2025 से 08 जनवरी 2026 – दावा एवं आपत्ति दाखिल करने की अवधि
- 09 दिसंबर 2025 से 31 जनवरी 2026 – सूचना चरण, सुनवाई, सत्यापन एवं दावों का निपटान
- 03 फरवरी 2026 – परिशुद्धता जांच एवं आयोग से अंतिम अनुमति
- 07 फरवरी 2026 – निर्वाचक नामावली का अंतिम प्रकाशन
इस प्रेस वार्ता के दौरान पत्रकारों ने भी अपने सुझावऔर प्रश्न रखे। कलेक्टर श्री ध्रुव ने कहा कि, मीडिया लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है और मतदाता सूची पुनरीक्षण जैसे महत्त्वपूर्ण कार्य में मीडिया की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि, प्रशासन पारदर्शिता और जनसहभागिता के साथ इस अभियान को सफल बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
ये लोग रहे मौजूद
इस बैठक में अपर कलेक्टर गजेन्द्र सिंह ठाकुर, सहायक प्रोग्रामर (निर्वाचन) सौरभ उप्पल और जिले के वरिष्ठ पत्रकार उपस्थित रहे।
इस बैठक में अपर कलेक्टर गजेन्द्र सिंह ठाकुर, सहायक प्रोग्रामर (निर्वाचन) सौरभ उप्पल और जिले के वरिष्ठ पत्रकार उपस्थित रहे।
Author: cg24x7




