रायपुर/नई दिल्ली। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद नितिन नवीन के नई दिल्ली स्थित आवास की तिरंगे के साथ तस्वीर से कथित तौर पर छेड़छाड़ कर उसे सोशल मीडिया पर प्रसारित करने के मामले ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। इस मामले में छत्तीसगढ़ कांग्रेस के बेमेतरा जिला आईटी सेल के अध्यक्ष अरुण साहू के खिलाफ पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। भाजपा प्रदेश प्रवक्ता गौरीशंकर श्रीवास की शिकायत पर नई दिल्ली के सिविल लाइन थाना पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
सोशल मीडिया पर तस्वीर प्रसारित करने का आरोप
शिकायत के अनुसार, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के नई दिल्ली स्थित आवास की एक तस्वीर सोशल मीडिया पर प्रसारित की गई। आरोप है कि मूल तस्वीर में डिजिटल स्तर पर छेड़छाड़ कर उसे आपत्तिजनक तरीके से प्रस्तुत किया गया और फिर सोशल मीडिया के माध्यम से प्रसारित किया गया।
भाजपा नेता गौरीशंकर श्रीवास ने इस मामले को गंभीर बताते हुए पुलिस से शिकायत की। शिकायत में कथित तौर पर तस्वीर के साथ छेड़छाड़ कर उसे सोशल मीडिया पर साझा करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई थी।
सिविल लाइन थाना पुलिस ने दर्ज किया मामला
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता की शिकायत के आधार पर सिविल लाइन थाना पुलिस ने कांग्रेस नेता अरुण साहू के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पुलिस अब सोशल मीडिया पर प्रसारित की गई तस्वीर, उसके मूल स्रोत और उसे एडिट एवं प्रसारित किए जाने से जुड़े डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है।
जांच के दौरान पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास करेगी कि तस्वीर के साथ छेड़छाड़ किस स्तर पर की गई, उसे सबसे पहले किस सोशल मीडिया अकाउंट से पोस्ट किया गया और बाद में इसे किन-किन लोगों ने साझा किया।
राजनीतिक विवाद बढ़ने के आसार
मामला सामने आने के बाद भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तेज होने की संभावना है। भाजपा ने इसे राजनीतिक विरोध की मर्यादा से जुड़ा मामला बताते हुए कार्रवाई की मांग की है। पार्टी नेताओं का कहना है कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन किसी संवेदनशील विषय से जुड़ी तस्वीर में कथित तौर पर डिजिटल छेड़छाड़ कर उसे सोशल मीडिया पर प्रसारित करना गंभीर विषय है।
वहीं, मामले में कांग्रेस नेता अरुण साहू का पक्ष पुलिस जांच के दौरान सामने आना बाकी है। एफआईआर दर्ज होने के बाद अब जांच में यह स्पष्ट होगा कि सोशल मीडिया पर प्रसारित तस्वीर को किसने तैयार किया और उसके प्रसार में संबंधित लोगों की क्या भूमिका रही।
डिजिटल साक्ष्यों की होगी जांच
सोशल मीडिया से जुड़े मामलों में पुलिस आमतौर पर पोस्ट, स्क्रीनशॉट, संबंधित अकाउंट की जानकारी, पोस्ट किए जाने के समय तथा डिजिटल सामग्री के प्रसार की कड़ियों की जांच करती है। इस मामले में भी पुलिस द्वारा उपलब्ध डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई किए जाने की संभावना है।
फिलहाल सिविल लाइन थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच प्रारंभ कर दी है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि तस्वीर के साथ किस स्तर पर छेड़छाड़ हुई और सोशल मीडिया पर उसके प्रसार के लिए कौन-कौन जिम्मेदार है।
नोट: एफआईआर दर्ज होना आरोप की शुरुआत है; आरोपों की पुष्टि पुलिस जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।
Author: cg24x7




