रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने बुधवार को प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल करते हुए भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के अधिकारियों की जिम्मेदारियों में व्यापक बदलाव किया है। जारी आदेश में 23 अधिकारियों के पदस्थापना और प्रभार में बदलाव किया गया है। इनमें कई जिलों के कलेक्टर बदले गए हैं, जबकि मंत्रालय स्तर पर भी सचिव और प्रमुख सचिवों के विभागों में फेरबदल किया गया है।
प्रशासनिक सर्जरी में कांकेर, मुंगेली, सक्ती, गरियाबंद, कबीरधाम और मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जैसे जिलों के कलेक्टर बदले गए हैं। वहीं जिला पंचायत सरगुजा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO), नगर निगम दुर्ग के आयुक्त और पर्यटन मंडल के प्रबंध संचालक समेत कई महत्वपूर्ण पदों पर भी नई नियुक्तियां की गई हैं।
इस फेरबदल में नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग विशेष रूप से महत्वपूर्ण रहा है। प्रमुख सचिव से लेकर संचालक स्तर तक अधिकारियों की नई जिम्मेदारियां तय की गई हैं।
सोनमणि बोरा को नगरीय प्रशासन की कमान
1999 बैच के वरिष्ठ IAS अधिकारी सोनमणि बोरा को नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के प्रमुख सचिव की जिम्मेदारी दी गई है। वे अब तक आदिम जाति विकास, अनुसूचित जाति विकास, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास विभाग के प्रमुख सचिव थे। उनके पास विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग का अतिरिक्त प्रभार भी था।
नई व्यवस्था में उन्हें प्रमुख सचिव, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के पद पर अस्थायी रूप से आगामी आदेश तक पदस्थ किया गया है। साथ ही विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग का अतिरिक्त प्रभार भी उनके पास रहेगा।
वहीं नगरीय प्रशासन विभाग की सचिव आर. शंगीता को सचिव, मंत्रालय के पद पर पदस्थ किया गया है।
भुवनेश यादव को आदिम जाति विकास विभाग का अतिरिक्त प्रभार
2006 बैच के IAS अधिकारी भुवनेश यादव, जो योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग के सचिव हैं और वाणिज्यिक कर (पंजीयन) विभाग का अतिरिक्त प्रभार संभाल रहे हैं, अब अपने वर्तमान दायित्वों के साथ आदिम जाति विकास, अनुसूचित जाति विकास तथा पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास विभाग का अतिरिक्त प्रभार भी संभालेंगे।
कांकेर और मुंगेली के कलेक्टर बदले
प्रशासनिक फेरबदल में कांकेर कलेक्टर नीलेशकुमार महादेव क्षीरसागर को नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग का संचालक बनाया गया है। उनकी जगह मुंगेली कलेक्टर कुंदन कुमार को कांकेर का नया कलेक्टर बनाया गया है।
इसी क्रम में सक्ती कलेक्टर अमृत विकास तोपनो को मुंगेली का कलेक्टर बनाया गया है, जबकि वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की संयुक्त सचिव जयश्री जैन को सक्ती कलेक्टर की जिम्मेदारी दी गई है।
इस तरह एक साथ तीन जिलों—कांकेर, मुंगेली और सक्ती—में प्रशासनिक नेतृत्व बदल गया है।
गरियाबंद में भी बदलाव
गरियाबंद कलेक्टर भगवान सिंह उइके को अब सामान्य प्रशासन विभाग में संयुक्त सचिव की जिम्मेदारी दी गई है। उनकी जगह समाज कल्याण विभाग के संचालक रणबीर शर्मा को गरियाबंद का नया कलेक्टर नियुक्त किया गया है।
इस फेरबदल से गरियाबंद जिले में भी प्रशासनिक नेतृत्व बदल गया है।
कबीरधाम और मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी में भी नई टीम
कबीरधाम कलेक्टर गोपाल वर्मा को वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग में संयुक्त सचिव बनाया गया है। उनकी जगह मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी की कलेक्टर तुलिका प्रजापति को कबीरधाम का नया कलेक्टर बनाया गया है।
वहीं मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिले की नई कलेक्टर अब तनुजा सलाम होंगी। वे फिलहाल संचालक, खेल एवं युवा कल्याण के पद पर कार्यरत थीं।
इस तरह कबीरधाम और मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी दोनों जिलों में प्रशासनिक नेतृत्व में बदलाव हुआ है।
जल जीवन मिशन की जिम्मेदारी भी बदली
2011 बैच के IAS अधिकारी रिमिजियुस एक्का को संचालक, नगरीय प्रशासन एवं विकास के पद से हटाकर विशेष सचिव, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग बनाया गया है। इसके साथ ही उन्हें मिशन संचालक, जल जीवन मिशन का अतिरिक्त प्रभार भी दिया गया है।
उनके कार्यभार संभालने के बाद लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सचिव मो. कैसर अब्दुलहक जल जीवन मिशन के मिशन संचालक के अतिरिक्त प्रभार से मुक्त होंगे।
नागरिक आपूर्ति निगम में भी नया प्रभार
अतिरिक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी भोसकर विलास संदिपान को उनके वर्तमान दायित्वों के साथ प्रबंध संचालक, नागरिक आपूर्ति निगम का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।
इस नियुक्ति के लिए भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली की ओर से भी सहमति प्रदान की गई है। आदेश के अनुसार, भोसकर विलास संदिपान के नागरिक आपूर्ति निगम का कार्यभार संभालने के बाद इफ्फत आरा नागरिक आपूर्ति निगम के प्रबंध संचालक के अतिरिक्त प्रभार से मुक्त हो जाएंगी। वे राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की विशेष सचिव बनी रहेंगी।
खाद्य विभाग में भी बदली जिम्मेदारी
जगदीश सोनकर, जो अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम के प्रबंध संचालक हैं, को विशेष सचिव, खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की जिम्मेदारी दी गई है।
वहीं हिना अनिमेष नेताम को उनके वर्तमान दायित्वों के साथ अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम के प्रबंध संचालक का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
जिला पंचायत सरगुजा को मिला नया CEO
प्रशासनिक फेरबदल का असर जिला पंचायत स्तर पर भी पड़ा है। मंत्रालय की उप सचिव रोमा श्रीवास्तव को मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत सरगुजा के पद पर पदस्थ किया गया है।
वहीं जिला पंचायत नारायणपुर की CEO आकांक्षा शिक्षा खलखो को मंत्रालय में उप सचिव, वाणिज्य एवं उद्योग तथा सार्वजनिक उपक्रम विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। इसके साथ ही उन्हें संचालक, खेल एवं युवा कल्याण का अतिरिक्त प्रभार भी दिया गया है।
दुर्ग नगर निगम को मिली नई आयुक्त
लीना कोसम, जो लोक सेवा आयोग में परीक्षा नियंत्रक के पद पर कार्यरत थीं, को अब आयुक्त, नगर पालिक निगम दुर्ग बनाया गया है।
यह नियुक्ति ऐसे समय हुई है जब प्रदेश के प्रमुख नगरीय निकायों में विकास परियोजनाओं, शहरी अधोसंरचना और नागरिक सुविधाओं को लेकर प्रशासनिक सक्रियता बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।
पर्यटन मंडल में भी बड़ा बदलाव
कृषि विभाग के उप सचिव सौमिल रंजन चौबे को प्रबंध संचालक, पर्यटन मंडल की जिम्मेदारी दी गई है।
आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि उनके द्वारा पर्यटन मंडल के प्रबंध संचालक का कार्यभार ग्रहण करने के दिन से इस असंवर्गीय पद को भारतीय प्रशासनिक सेवा (वेतन) नियम, 2016 के नियम-12 के तहत प्रतिष्ठा एवं जिम्मेदारी में IAS के वरिष्ठ वेतनमान के संवर्गीय पद के समकक्ष घोषित किया जाएगा।
वहीं पर्यटन मंडल के वर्तमान प्रबंध संचालक विवेक आचार्य, जो भारतीय वन सेवा (IFS) के 2006 बैच के अधिकारी हैं, की सेवाएं तत्काल प्रभाव से उनके पैतृक विभाग वन विभाग को वापस कर दी गई हैं।
बिलासपुर में अपर कलेक्टर की नई पदस्थापना
नारायणपुर के अपर कलेक्टर बीरेन्द्र बहादुर पंचभाई को अब अपर कलेक्टर, बिलासपुर के पद पर पदस्थ किया गया है।
इस बदलाव के साथ बिलासपुर जिला प्रशासन में भी वरिष्ठ अधिकारी की नई पदस्थापना हुई है।
समाज कल्याण और अन्य विभागों में भी फेरबदल
राजस्व एवं आपदा प्रबंधन तथा पुनर्वास विभाग के उप सचिव गजेन्द्र सिंह ठाकुर को उनके वर्तमान दायित्वों के साथ संचालक, समाज कल्याण का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
वहीं प्रशासनिक फेरबदल में कई अधिकारियों को मंत्रालय से जिलों और जिलों से मंत्रालय भेजा गया है। इससे सरकार की प्रशासनिक प्राथमिकताओं के अनुरूप अधिकारियों की नई टीम तैयार होने के संकेत मिल रहे हैं।
एक नजर में प्रमुख बदलाव
- सोनमणि बोरा — प्रमुख सचिव, नगरीय प्रशासन एवं विकास
- आर. शंगीता — सचिव, मंत्रालय
- नीलेशकुमार महादेव क्षीरसागर — संचालक, नगरीय प्रशासन एवं विकास
- रणबीर शर्मा — कलेक्टर, गरियाबंद
- कुंदन कुमार — कलेक्टर, कांकेर
- अमृत विकास तोपनो — कलेक्टर, मुंगेली
- जयश्री जैन — कलेक्टर, सक्ती
- तुलिका प्रजापति — कलेक्टर, कबीरधाम
- भगवान सिंह उइके — संयुक्त सचिव, सामान्य प्रशासन विभाग
- गोपाल वर्मा — संयुक्त सचिव, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग
- तनुजा सलाम — कलेक्टर, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी
- रोमा श्रीवास्तव — CEO, जिला पंचायत सरगुजा
- लीना कोसम — आयुक्त, नगर निगम दुर्ग
- सौमिल रंजन चौबे — प्रबंध संचालक, पर्यटन मंडल
- रिमिजियुस एक्का — विशेष सचिव, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी एवं मिशन संचालक, जल जीवन मिशन
- भोसकर विलास संदिपान — प्रबंध संचालक, नागरिक आपूर्ति निगम का अतिरिक्त प्रभार
प्रशासनिक बदलाव से क्या बदलेगा?
सरकार के इस बड़े फेरबदल का सबसे बड़ा असर जिलों और महत्वपूर्ण विभागों के कामकाज पर दिखाई देगा। कलेक्टरों के बदलाव के साथ स्थानीय स्तर पर विकास योजनाओं की निगरानी, राजस्व मामलों के निपटारे, कानून-व्यवस्था, जनसमस्याओं और शासन की प्राथमिक योजनाओं के क्रियान्वयन की शैली में बदलाव की संभावना है।
वहीं नगरीय प्रशासन, जल जीवन मिशन, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति, पर्यटन, समाज कल्याण और आदिम जाति विकास जैसे महत्वपूर्ण विभागों में नई जिम्मेदारियां तय होने से सरकार की योजनाओं के क्रियान्वयन में भी नई प्रशासनिक दिशा देखने को मिल सकती है।
कुल मिलाकर, छत्तीसगढ़ सरकार की यह प्रशासनिक सर्जरी मंत्रालय से लेकर जिलों और नगरीय निकायों तक व्यापक है। आने वाले दिनों में नई पदस्थापना वाले अधिकारियों के कामकाज और उनके जिलों में प्रशासनिक प्राथमिकताओं पर इस फेरबदल का असर साफ दिखाई देगा।
Author: cg24x7




