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अब ग्रामीण इलाकों के बच्चे भी सीखेंगे AI, रोबोटिक्स, 3D प्रिंटिंग और ड्रोन उड़ाने की तकनीक -
एक साल में 5,000 से अधिक स्कूली विद्यार्थियों को दिया जाएगा व्यावहारिक (Hands-on) प्रशिक्षण
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पंडरिया विधायक भावना बोहरा की अनोखी पहल: गाँव के बच्चों को महानगरों जैसी मिलेंगी सुविधाएँ
रायपुर, 16 जुलाई 2026। छत्तीसगढ़ के ग्रामीण अंचल के विद्यार्थियों को भविष्य की अत्याधुनिक तकनीकों से जोड़ने और विज्ञान आधारित शिक्षा को एक नया आयाम देने के लिए आज विधानसभा परिसर से एक क्रांतिकारी शुरुआत हुई। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय और विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने संयुक्त रूप से ‘भावना दीदी की साइंस पाठशाला’ के तहत संचालित निःशुल्क मोबाइल इमर्जिंग टेक्नोलॉजी लैब (Mobile Emerging Technology Lab) को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
यह चलता-फिरता हाई-टेक संस्थान पंडरिया विधानसभा क्षेत्र के सरकारी स्कूलों और सरस्वती शिशु मंदिरों में जाएगा। इसके जरिए ग्रामीण बच्चे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और रोबोटिक्स जैसी उन तकनीकों का व्यावहारिक ज्ञान ले सकेंगे, जो अब तक केवल बड़े महानगरों के चुनिंदा निजी स्कूलों तक ही सीमित थीं।
“महानगरों के बच्चों की तरह सक्षम बनेंगे गाँव के बच्चे”: मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय
गाड़ी को रवाना करने के बाद मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने इस पहल की जमकर सराहना की। उन्होंने इसे ‘विकसित छत्तीसगढ़’ के सपने को सच करने की दिशा में मील का पत्थर बताया:
“आज पूरी दुनिया AI, रोबोटिक्स, ड्रोन और डेटा साइंस की ओर तेजी से बढ़ रही है। ‘भावना दीदी की साइंस पाठशाला’ केवल एक चलती-फिरती लैब नहीं है, बल्कि यह हमारे ग्रामीण बच्चों के सपनों को नई उड़ान देने वाली एक अनोखी खोज है। राज्य सरकार की कोशिश है कि अवसरों में कोई अंतर न रहे। छत्तीसगढ़ के गाँवों में रहने वाले बच्चे भी भविष्य की तकनीकों में उतने ही माहिर बनें, जितने किसी बड़े महानगर के बच्चे होते हैं।”
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कदम देश की नई शिक्षा नीति (NEP) के मूल उद्देश्यों के बिल्कुल अनुकूल है, जो बच्चों में रटने की आदत को छोड़कर कौशल, प्रयोगधर्मिता और रचनात्मक सोच को बढ़ावा देता है।
किताबों से बाहर निकलकर खुद ड्रोन उड़ाएंगे छात्र: डॉ. रमन सिंह
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने पंडरिया विधायक श्रीमती भावना बोहरा के इस विज़न की तारीफ करते हुए कहा कि यह पहल छत्तीसगढ़ में भावी वैज्ञानिकों, इंजीनियरों और तकनीकी विशेषज्ञों की एक मजबूत बुनियाद तैयार करेगी।
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व्यावहारिक अनुभव: डॉ. रमन सिंह ने बताया कि इस लैब के जरिए बच्चे सिर्फ किताबों में लिखी बातें नहीं पढ़ेंगे, बल्कि वे खुद अपने हाथों से रोबोट संचालित करेंगे, ड्रोन उड़ाएंगे और 3D मॉडल तैयार करेंगे।
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जिज्ञासा को बढ़ावा: जब बच्चे खुद इन आधुनिक उपकरणों पर काम करना सीखेंगे, तो उनके भीतर विज्ञान के प्रति रुचि और नई खोज करने का आत्मविश्वास पैदा होगा।
जानिए क्या है ‘भावना दीदी की साइंस पाठशाला’ और इसकी खूबियाँ
यह अत्याधुनिक मोबाइल लैब पूरी तरह से आधुनिक गैजेट्स और उपकरणों से लैस है। पंडरिया क्षेत्र में बच्चों को तकनीकी रूप से साक्षर बनाने के लिए इसका पूरा ब्लूप्रिंट तैयार किया गया है:
| मुख्य विशेषताएं | कार्यप्रणाली और लक्ष्य |
| मुख्य विषय (Technologies) | AI, रोबोटिक्स, ड्रोन, 3D प्रिंटिंग, कोडिंग, IoT, एयरोमॉडलिंग, AR/VR |
| प्रशिक्षण का तरीका | हैंड्स-ऑन लर्निंग (स्वयं करके सीखने की पद्धति) |
| प्रशिक्षक टीम | 5 अनुभवी तकनीकी विशेषज्ञों की टीम |
| कार्यशाला की अवधि | हर चयनित विद्यालय में 3 से 5 दिनों की विशेष कार्यशाला |
| वार्षिक लक्ष्य | पहले वर्ष में 5,000 से अधिक विद्यार्थियों को प्रशिक्षित करना |
| प्राथमिकता (प्रथम चरण) | कक्षा 10वीं, 11वीं और 12वीं के छात्र-छात्राएं |
| अतिरिक्त लाभ | कोर्स पूरा होने पर सभी विद्यार्थियों को प्रमाण-पत्र (Certificate) मिलेगा |
मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्ष ने खुद किया लैब का निरीक्षण
हरी झंडी दिखाने से पहले मुख्यमंत्री श्री साय और डॉ. रमन सिंह ने इस मोबाइल लैब के भीतर जाकर इसकी तकनीकी सुविधाओं का जायजा लिया। विशेषज्ञों ने उन्हें लैब में मौजूद 3D प्रिंटर, रोबोटिक्स किट्स और ड्रोन के संचालन की जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने गहरी दिलचस्पी दिखाते हुए इन गैजेट्स को खुद देखा और प्रशिक्षकों से पूछा कि वे बच्चों को कोडिंग और ऑगमेंटेड रियलिटी (AR/VR) कैसे सिखाएंगे। अंत में दोनों नेताओं ने डिजिटल फीडबैक बोर्ड पर अपनी शुभकामनाएं भी लिखीं।
इस खास मौके पर उपमुख्यमंत्री द्वय श्री अरुण साव व श्री विजय शर्मा, कौशल विकास मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, पंडरिया विधायक श्रीमती भावना बोहरा, विधायक श्री सुशांत शुक्ला, विधायक श्री योगेश्वर राजू सिन्हा, छत्तीसगढ़ फिल्म विकास निगम की अध्यक्ष सुश्री मोना सेन सहित बड़ी संख्या में जन-प्रतिनिधि और स्कूली बच्चे मौजूद रहे।
Author: cg24x7




